ये आसमान पर बिखरे तारे हैं
कि हमारी तमन्नाएँ
दिखते तो खूबसूरत हैं
पर हाथ नहीं आते।
---------------------------
हर उड़ान की एक मंजिल होती है। कि एक चमकीला दिन शाम में घुल जाता है। कि पूनम का चांद सूरज की आगवानी में स्वाहा होता जाता है। कि रात के जगमग स...
No comments:
Post a Comment